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लखनऊ में एलडीए का बड़ा बुलडोजर एक्शन: मोहनलालगंज में पद्मजा डेवलपर्स की 60 बीघा अवैध प्लॉटिंग ढही, विभूति खंड में टाइम्स स्क्वॉयर सहित दो निर्माण सील, उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार के निर्देश पर परिवर्तन जोन-2 की टीम ने दिखाई सख्ती, अतिक्रमण पर लगा अंकुश, शहर में योजनाबद्ध विकास के लिए प्रशासन की निर्णायक कार्रवाई ।

मोहनलालगंज स्थित पद्मजा डेवलपर्स की करीब 60 बीघा क्षेत्रफल में की गई अवैध प्लॉटिंग पर बुलडोजर चला दिया।

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ब्रेकिंग न्यूज़ मोहनलालगंज आर्शीवाद एनक्लेव फेज 2 राजू सिंह पदमजा सोसाइटी लखनऊ विकास प्राधिकरण परिवर्तन जोन 2 मे एलडीए की धुँवास्ती करण कार्रवाई जारी है जिसमें परिवर्तन जोन 2 अधिकारी दिनेश एवं अरुण सिंह मौजूद रहे।

📰 लखनऊ में एलडीए का बड़ा बुलडोजर एक्शन: मोहनलालगंज में पद्मजा डेवलपर्स की 60 बीघा अवैध प्लॉटिंग ढही, विभूति खंड में टाइम्स स्क्वॉयर सहित दो निर्माण सील, उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार के निर्देश पर परिवर्तन जोन-2 की टीम ने दिखाई सख्ती, अतिक्रमण पर लगा अंकुश, शहर में योजनाबद्ध विकास के लिए प्रशासन की निर्णायक कार्रवाई ।

लखनऊ।
लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) ने शनिवार को राजधानी में अवैध निर्माण और प्लॉटिंग के खिलाफ जोरदार कार्रवाई करते हुए यह साफ संदेश दिया कि नियमों की अनदेखी करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। एलडीए के उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार के सख्त निर्देश पर परिवर्तन जोन-2 की टीम ने पुलिस बल की मौजूदगी में मोहनलालगंज स्थित पद्मजा डेवलपर्स की करीब 60 बीघा क्षेत्रफल में की गई अवैध प्लॉटिंग पर बुलडोजर चला दिया। यह कार्रवाई न केवल शहर में फैलती अवैध बस्तियों पर रोक लगाने का बड़ा कदम है, बल्कि इससे रियल एस्टेट के नाम पर की जाने वाली अनियमित गतिविधियों पर भी लगाम कसने का स्पष्ट संकेत गया है।

अभियान के दौरान टीम ने मोहनलालगंज में सैकड़ों प्लॉटों को सीधा कर दिया जो बिना किसी स्वीकृति और मास्टर प्लान के नियमों को दरकिनार कर विकसित किए गए थे। यह प्लॉटिंग लंबे समय से स्थानीय लोगों को लुभाकर बेची जा रही थी, जबकि इस पर प्राधिकरण से कोई मान्यता नहीं थी। कार्रवाई के समय मौके पर मौजूद एलडीए की टीम ने स्पष्ट किया कि नियमों के विपरीत किसी भी प्रकार का निर्माण या बिक्री भविष्य में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

इसी क्रम में विभूति खंड क्षेत्र में चल रहे दो बड़े अवैध निर्माणों पर भी शिकंजा कसा गया। यहां पर स्वीकृत मानचित्र के विपरीत निर्मित किए जा रहे ‘टाइम्स स्क्वॉयर’ समेत अन्य एक निर्माण को दोबारा सील किया गया। एलडीए की इस कड़ी कार्रवाई ने उन बिल्डरों को भी चेतावनी दी है, जो स्वीकृत नक्शे में बदलाव कर मनमाने तरीके से बहुमंजिला इमारतें खड़ी कर रहे थे।

आशीर्वाद एनक्लेव फेज-2 और राजू सिंह पद्मजा सोसाइटी में भी एलडीए की टीम ने अवैध निर्माण के खिलाफ कार्रवाई जारी रखी। परिवर्तन जोन-2 के अधिकारी दिनेश और अरुण सिंह ने खुद मौके पर पहुंचकर बुलडोजर अभियान का नेतृत्व किया। उनके साथ मौके पर सुरक्षा व्यवस्था को संभालने के लिए पर्याप्त पुलिस बल भी मौजूद था ताकि किसी प्रकार की अप्रिय घटना न हो।

स्थानीय निवासियों और जागरूक नागरिकों ने एलडीए की इस कार्रवाई की भूरि-भूरि प्रशंसा की। उनका कहना था कि पिछले कुछ वर्षों में अवैध प्लॉटिंग और अनधिकृत निर्माणों ने राजधानी की सौंदर्यता और यातायात व्यवस्था को बुरी तरह प्रभावित किया था। इस प्रकार की कठोर कार्रवाई से न केवल अनियमितताओं पर रोक लगेगी बल्कि आम जनता का भी विश्वास बढ़ेगा कि सरकार और प्रशासन योजनाबद्ध विकास के लिए गंभीर है।

एलडीए के अधिकारियों ने कहा कि मास्टर प्लान के अनुरूप विकास सुनिश्चित करने के लिए अवैध निर्माण और प्लॉटिंग के खिलाफ अभियान भविष्य में भी जारी रहेगा। उनका मानना है कि शहर के व्यवस्थित विकास और नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए जरूरी है कि निर्माण केवल स्वीकृत मानचित्र और नियमों के अनुरूप हों।

विशेषज्ञों का कहना है कि इस प्रकार की कार्रवाइयों से रियल एस्टेट सेक्टर में पारदर्शिता बढ़ेगी और खरीदारों को ठगी से बचाया जा सकेगा। अब तक कई लोग बिना यह जाने कि भूमि स्वीकृत है या नहीं, मकान या प्लॉट खरीदते रहे हैं और बाद में परेशानियों का सामना करते हैं। एलडीए की सख्त कार्रवाई से अब बिल्डरों को नियमों का पालन करना पड़ेगा और खरीदार भी सतर्क रहेंगे।

गौरतलब है कि राजधानी में पिछले कुछ वर्षों में जमीनों की ऊंची कीमत और रियल एस्टेट के विस्तार के कारण कई बिल्डर और डेवलपर्स ने बिना स्वीकृति लिए अवैध कॉलोनियां और बहुमंजिला इमारतें खड़ी कर दीं, जिससे न केवल शहर की रूपरेखा बिगड़ी बल्कि बुनियादी सुविधाओं जैसे सड़क, सीवर, जलापूर्ति और बिजली व्यवस्था पर भी दबाव बढ़ा। प्रशासन ने समय-समय पर कार्रवाई की चेतावनी दी थी, लेकिन बिल्डर अक्सर कानूनी खामियों का लाभ उठाकर निर्माण जारी रखते थे।

एलडीए के उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार ने दो टूक कहा कि अवैध निर्माणों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि शहर के अलग-अलग इलाकों में अवैध प्लॉटिंग और निर्माण की पहचान की जा चुकी है और जल्द ही अन्य स्थानों पर भी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि किसी भी प्रकार की संपत्ति खरीदने से पहले यह अवश्य जांच लें कि वह प्राधिकरण से स्वीकृत है या नहीं।

इस बड़े अभियान ने एक बार फिर स्पष्ट कर दिया कि शहर की विकास योजनाओं के साथ खिलवाड़ करने वालों पर अब कोई ढील नहीं दी जाएगी। मोहनलालगंज में पद्मजा डेवलपर्स की 60 बीघा अवैध प्लॉटिंग पर चला बुलडोजर राजधानी में प्रशासन की गंभीरता का प्रमाण है। विभूति खंड में टाइम्स स्क्वॉयर समेत दो निर्माणों को सील करने से अन्य बिल्डरों को भी बड़ा संदेश गया है कि नियम तोड़ने वालों पर अब सीधी कार्रवाई होगी।

लोगों का मानना है कि यदि एलडीए इसी तरह लगातार सख्त अभियान चलाता रहा तो राजधानी लखनऊ में योजनाबद्ध और सुव्यवस्थित विकास को नई दिशा मिलेगी और अवैध निर्माणों की समस्या पर स्थायी रोक लग सकेगी।

*रिपोर्ट एलिक सिंह संपादक*

*समृद्ध भारत समाचार पत्र वन्दे भारत लाइव टीवी*

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